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Chittorgarh In Hindi, चित्तौड़गढ़ शहर अपने प्राचीन स्मारकों, मृद्ध विरासत और अपनी राजसी महिमा की वजह से आज भी अपने त्याग और वीरता के इतिहास को बताता है। मेवाड़ के तत्कालीन राज्य की राजधानी, चित्तौड़गढ़ कई किलों, गढ़ों, खंडहरों और सदाबहार कहानियों की भूमि है। राजस्थान के दक्षिण पूर्वी कोने में स्थित चित्तौड़गढ़ चटरी राजपूत गौरव के शीर्ष पर है। इसे अपनी शानदार लड़ाइयों के लिए इतिहास के पन्नों में याद किया जाता है। चित्तौड़गढ़ अपने सबसे प्रसिद्ध आकर्षणों की वजह से पूरे देश में जाना जाता है। यहां स्थित चित्तौड़गढ़ किला बहुत प्रसिद्ध है, जो पहाड़ी पर बना है और देश के सबसे बड़े किलों में से एक है। अगर आप चित्तौड़गढ़ घूमने के लिए आ रहे हैं तो आप यहां के अन्य स्थलों मीरा मंदिर, काली माता मंदिर, गौमुख जलाशय और बस्सी वन्यजीव अभयारण्य को भी अपनी लिस्ट में शामिल कर सकते हैं।

चित्तौड़गढ़ का इतिहास – Chittorgarh History In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर के प्रमुख पर्यटन स्थल – Places To Visit In Chittorgarh In Hindi

  1. चित्तौड़गढ़ का फेमस चित्तौड़गढ़ दुर्ग – Rajasthan Ka Famous Chittorgarh Fort In Hindi
  2. चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थान विजय स्तम्भ – Chittorgarh Ka Akarshan Sthal Vijay Stambh In Hindi
  3. चित्तौड़गढ़ पर्यटन में देखने वाली जगह कीर्ति स्तम्भ – Chittorgarh Paryatan Me Dekhne Wali Jagah Kirti Stambh In Hindi
  4. चित्तौड़गढ़ में घूमने लायक जगह महा सती – Chittorgarh Me Ghumne Layak Jagah Maha Sati In Hindi
  5. चित्तौड़गढ़ का तीर्थ स्थल गौ मुख कुंड – Chittorgarh Ka Teerhsthal Gaumukh Kund In Hindi
  6. चित्तौड़गढ़ में देखने लायक जगह राणा कुंभा का महल – Chittorgarh Mein Dekhne Layak Jagah Rana Kumbha’s Palace In Hindi
  7. चित्तौड़गढ़ का प्रसिद्ध मंदिर कालिका माता मंदिर – Chittorgarh Ka Prasidh Mandir Kalika Mata Temple In Hindi
  8. चित्तौड़गढ़ का पर्यटन स्थल फतेह प्रकाश पैलेस – Chittorgarh Ka Paryatan Sthal Fateh Prakash Palace In Hindi
  9. चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थल श्यामा मंदिर – Chittorgarh Ke Darshniya Sthal Shyama Temple In Hindi
  10. चित्तौड़गढ़ में देखने लायक जगह शतीस देओरी मंदिर – Chittorgarh Me Dekhne Layak Jagah Sathis Deori Temple In Hindi
  11. चित्तौड़गढ़ के पर्यटकों के लिए सांवरियाजी मंदिर – Chittorgarh Ke Paryatako Ke Liye Sanwariaji Temple In Hindi
  12. चित्तौड़गढ़ का धार्मिक स्थल मीरा मंदिर – Chittorgarh Ka Dharmik Sthal Meera Temple In Hindi
  13. चित्तौड़गढ़ के आकर्षण स्थान रतन सिंह पैलेस – Chittorgarh Ke Aakarsharn Sthan Ratan Singh Palace In Hindi
  14. चित्तौड़गढ़ टूरिज्म में घूमने लायक जगह भैंसरगढ़ वन्यजीव अभयारण्य – Chittorgarh Tourism Me Ghumne Layak Jagha Bhainsrorgarh Wildlife Sanctuary In Hindi
  15. चित्तौड़गढ़ में फेमस टूरिस्ट प्लेस बस्सी वन्यजीव अभयारण्य – Chittorgarh Mein Famous Tourist Place Bassi Wildlife Sanctuary In Hindi
  16. चित्तौड़गढ़ जिले की ऐतिहासिक जगह पद्मिनी पैलेस – Chittorgarh Historical Place Padmini Palace In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर की यात्रा करने का सबसे अच्छा समय – Best Time To Visit Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर के मशहूर स्थानीय भोजन – Famous Restaurants And Local Food In Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ तक कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh Fort In Hindi

  1. हवाई जहाज से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Air Plane In Hindi
  2. सड़क मार्ग चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Road In Hindi
  3. ट्रेन से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Train In Hindi

चित्तौड़गढ़ का नक्शा – Chittorgarh Map

चित्तौड़गढ़ की फोटो गैलरी – Chittorgarh Images

1. चित्तौड़गढ़ का इतिहास – Chittorgarh History In Hindi

चित्तौड़गढ़ का इतिहास - Chittorgarh History In Hindi

Image Credit: Siddhartha Sarkar

चित्तौड़गढ़ या चित्रकूट की नींव मौर्य शासक चित्रांगदा मोरी द्वारा रखी गई थी। यह शहर राजस्थान के राजपुताना इतिहास का एक बहुत ही खास अंग है। यह शहर महाभारत के समय से लेकर आज तक की कहानियों के लिए लोकप्रिय है जो कि भीमताल के पांच पांडवों में से एक भीमताल झील की उत्पत्ति के बारे में भी बताता है। चित्तौड़गढ़ शहर राणा कुंभा, राणा साँगा, महाराणा प्रताप, और राणा रतन सिंह, रानी पद्मिनी और रहस्यवादी कवयित्री और भगवान कृष्ण, मीराबाई के भक्त सहित राजपूत वंशों के शासकों के लिए जाना-जाता है। वर्ष 1303 में दिल्ली सल्तनत के सबसे शक्तिशाली शासक अल्लाउद्दीन खिलजी जो कि रानी पद्मिनी पर मोहित था। जब वो राणा रतन सिंह को बंधक बनाकर रखने में असफल रहा तो उसने चित्तौड़ के साम्राज्य पर तब जोरदार हमला किया। चित्तौड़गढ़ पहले ही राणा रतन सिंह को बचाने में 7,000 राजपूत योद्धाओं को खो चुका था।

इसके बाद जब आत्मसमर्पण के अलावा बचने का कोई रास्ता नहीं था, तो रानी पद्मिनी ने सैनिकों, मंत्रियों और सेवकों की पत्नियों के साथ जौहर कुंड में आत्मदाह कर लिया था। जौहर कुंड ’समकालीन समय में एक बहुत लोकप्रिय पर्यटक आकर्षण है। 1572 में जब मेवाड़ शासन करने के लिए महाराणा प्रताप आए तब इस दौरान चित्तौड़गढ़ ने गति प्राप्त की। चित्तौड़गढ़ किला भी मीराबाई मंदिर का एक घर है जो उनकी स्मृति में मीराबाई के अनुयायियों ने बनाया था। राजस्थान के पाली के एक राजपूत परिवार में जन्मी मीराबाई को भगवान कृष्ण के प्रति समर्पण और उन्हें अपना पति मानने जैसी सामाजिक परंपराओं के प्रति उदासीनता के लिए जाना जाता है। मीराबाई भक्तिकाल के सबसे प्रसिद्ध कवियों में से एक हैं उनको भगवान कृष्ण के लिए कई भक्ति कविताओं और भजन के लिए भी जाना जाता है।

2. चित्तौड़गढ़ शहर के प्रमुख पर्यटन स्थल – Places To Visit In Chittorgarh In Hindi

2.1 चित्तौड़गढ़ का फेमस चित्तौड़गढ़ दुर्ग – Rajasthan Ka Famous Chittorgarh Fort In Hindi

चित्तौड़गढ़ का फेमस चित्तौड़गढ़ दुर्ग – Rajasthan Ka Famous Chittorgarh Fort In Hindi

चित्तौड़गढ़  का दुर्ग उत्तर भारत का ऐतिहासिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण किलों में से एक है जो कई वीरता और बलिदान की कहानियों के साथ यहां आज भी खड़ा हुआ है। चित्तौड़गढ़ का दुर्ग राजस्थान में घूमी जाने वाली सबसे अच्छी जगहों में से एक है। सही अर्थों में यह दुर्ग राजपूत संस्कृति और मूल्यों को भी प्रदर्शित करता है।

और पढ़े: चित्तौड़गढ़ दुर्ग घूमने की जानकारी

2.2 चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थान विजय स्तम्भ – Chittorgarh Ka Akarshan Sthal Vijay Stambh In Hindi

चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थान विजय स्तम्भ - Chittorgarh Ka Akarshan Sthal Vijay Stambh In Hindi

Image Credit: Palas Dey

विजय स्तम्भ को विजय टॉवर के रूप में भी जाना जाता है। यह स्तंभ चित्तौड़गढ़ के प्रतिरोध का एक टुकड़ा है जिसका निर्माण मेवाड़ के राजा राणा कुंभा ने 1448 में महमूद खिलजी की मालवा और गुजरात की संयुक्त सेना पर अपनी विजय का जश्न के रूप में मनाया था। विजय स्तम्भ चित्तौड़गढ़ की आकर्षक संरचनाओं में एक है जिसका निर्माण 1458 और 1488 की अवधि के बीच किया गया था। इस स्तम्भ की सबसे खास बात यह है कि इतना विशाल और लंबा है कि देश के किसी भी हिस्से से दिखाई देता है, इसलिए यहां से पूरे शहर को देखा जा सकता है।

2.3 चित्तौड़गढ़ पर्यटन में देखने वाली जगह कीर्ति स्तम्भ – Chittorgarh Paryatan Me Dekhne Wali Jagah Kirti Stambh In Hindi

चित्तौड़गढ़ पर्यटन में देखने वाली जगह कीर्ति स्तम्भ - Chittorgarh Paryatan Me Dekhne Wali Jagah Kirti Stambh In Hindi

Image Credit: Satyajit Naik

कीर्ति स्तम्भ राजस्थान के चित्तौड़गढ़ किले के अंदर स्थित है। 22 मीटर लम्बे इस स्तम्भ का निर्माण 12 वीं शताब्दी में हुआ था। टॉवर का निर्माण एक जैन व्यापारी, जीजा भार्गवला ने रावल कुमार सिंह के शासन काल में किया था, ताकि जैन धर्म को प्रकाशित बनाया जा सके। कई जैन धर्म के अनुयायियों द्वारा कीर्ति स्तम्भ को एक प्रमुख जैन तीर्थ माना जाता है।

और पढ़े: पिंक सिटी जयपुर में घूमने की 10 खास जगह

2.4 चित्तौड़गढ़ में घूमने लायक जगह महा सती – Chittorgarh Me Ghumne Layak Jagah Maha Sati In Hindi

चित्तौड़गढ़ में घूमने लायक जगह महा सती - Chittorgarh Me Ghumne Layak Jagah Maha Sati In Hindi

Image Credit: Dhwani Jain

महा सती चित्तौड़गढ़ से करीब 110 किलोमीटर दूर स्थित एक बहुत ही पवित्र स्थान है। आपको बता दें कि यह जगह इतनी खास इसलिए है क्योंकि यहां पर उदयपुर शासकों का अंतिम संस्कार किया जाता था। यह एक बहुत की सुंदर और शानदार संरचना है जो पर्यटकों को अपनी तरफ आकर्षित करती है। यहां एक जलाशय के कारण यह माना जाता है कि इससे गंगा नदी का पानी निकलता है। यहां अहर सेनोटाफ में 19 राजाओं का स्मरण करने के लिए 19 छत्रियाँ हैं जहां उनका अंतिम संस्कार किया गया था।

2.5 चित्तौड़गढ़ का तीर्थ स्थल गौ मुख कुंड – Chittorgarh Ka Teerhsthal Gaumukh Kund In Hindi

चित्तौड़गढ़ का तीर्थ स्थल गौ मुख कुंड - Chittorgarh Ka Teerhsthal Gaumukh Kund In Hindi

Image Credit: Bruno Brindani

चित्तौड़गढ़ किले के भीतर स्थित गोमुख कुंड को चित्तौड़गढ़ के तीर्थराज के रूप में भी जाना जाता है ,क्योंकि जब भी कोई तीर्थयात्री हिंदू आध्यात्मिक स्थानों के दौरे पर जाते हैं तो वो लौटने के बाद अपनी यात्रा को पूरा करने के लिए इस पवित्र गौमुख कुंड में आते हैं। गौ मुख का अर्थ है गाय का मुंह। इसका नाम गौमुख कुंड इसलिए रखा गया है क्योंकि यहाँ गाय के मुहं के आकार की जगह से पानी बहता है। यहाँ के हरे भरे पेड़ पौधे इस जगह के वातावरण को और भी ज्यादा खास बनाते हैं। गोमुख कुंड तीर्थयात्रियों के साथ पर्यटकों को भी अपनी तरफ बेहद आकर्षित करता है।

2.6 चित्तौड़गढ़ में देखने लायक जगह राणा कुंभा का महल – Chittorgarh Mein Dekhne Layak Jagah Rana Kumbha’s Palace In Hindi

चित्तौड़गढ़ में देखने लायक जगह राणा कुंभा का महल - Chittorgarh Mein Dekhne Layak Jagah Rana Kumbha's Palace In Hindi

Image Credit: Saumya Shekhar

राणा कुंभ महल चित्तौड़गढ़ की एक ऐसी खास जगह है जहाँ पर राणा कुंभा रहते थे और उन्होंने अपना शाही जीवन बिताया था। इस महल का आकर्षण और कलात्मक वास्तुकला चित्तौड़गढ़ घूमने के लिए आने वाले पर्यटकों को अपनी तरफ आकर्षित करते हैं। राणा कुंभ महल के पास भगवान शिव का एक मंदिर और यहाँ परिसर का लाइट एंड साउंड शो पर्यटकों की यात्रा को बेहद यादगार बनाता है।

और पढ़े: माउंट आबू घूमने की पूरी जानकारी और 11 खास जगह

2.7 चित्तौड़गढ़ का प्रसिद्ध मंदिर कालिका माता मंदिर – Chittorgarh Ka Prasidh Mandir Kalika Mata Temple In Hindi

कालिका माता मंदिर चित्तौड़गढ़ के सबसे महत्वपूर्ण मंदिरों में से एक है। अगर आप इस शहर की यात्रा करने के लिए आते हैं तो आपको मंदिर के दर्शन करने जरुर आना चाहि ए क्योंकि अपनी यात्रा इस मंदिर के बिना पूरी नहीं हो सकती। इस मंदिर की शानदार मूर्ति सबसे ज्यादा पर्यटकों को अपनी तरफ आकर्षित करती है। कालिका माता मंदिर कलिका देवी दुर्गा को समर्पित है। एक मंच पर बना यह मंदिर प्रथिरा वास्तुकला शैली को दर्शाता है। मंदिर के छत, खंभे और फाटक सभी पर जटिल डिजाइन है यह मंदिर आंशिक रूप से खंडहर है लेकिन फिर भी इसकी वास्तुकला हैरान कर देने वाली है।

2.8 चित्तौड़गढ़ का पर्यटन स्थल फतेह प्रकाश पैलेस – Chittorgarh Ka Paryatan Sthal Fateh Prakash Palace In Hindi

चित्तौड़गढ़ का पर्यटन स्थल फतेह प्रकाश पैलेस - Chittorgarh Ka Paryatan Sthal Fateh Prakash Palace In Hindi

Image Credit: Mayank Kumar

चित्तौड़गढ़ का फतेह प्रकाश पैलेस आपको भव्यता को एक नए स्तर पर लेकर जाता है। इसकी शानदार वास्तुकला और लेआउट पर्यटकों को अपनी तरफ बेहद आकर्षित करते हैं। महल में कई गलियारें हैं और राजस्थानी चित्रों का एक समृद्ध प्रदर्शन है। यहाँ पर क्रिस्टल कलाकृतियों की एक विशाल विविधता का होना राजा के इस महल के लिए प्यार को बताता है। अब इस महल के एक बड़े हिस्से को संग्रहालय में परिवर्तित कर दिया गया है और यहाँ पर शाही क्रिस्टल आइटम का शानदार प्रदर्शन है।

2.9 चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थल श्यामा मंदिर – Chittorgarh Ke Darshniya Sthal Kumbhshyam Temple In Hindi

चित्तौड़गढ़ के दर्शनीय स्थल श्यामा मंदिर - Chittorgarh Ke Darshniya Sthal Kumbhshyam Temple In Hindi

Image Credit: Deep Pancholi

श्यामा मंदिरव् चित्तौड़गढ़ किले में स्थित प्रमुख मंदिरों में से एक है। यह मंदिर बुलंद छत और पिरामिडनुमा मीनार है। इसकी दीवारें हिंदू देवी-देवताओं से जुड़ी कई मूर्तियों से सजी हुई है।

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2.10 चित्तौड़गढ़ में देखने लायक जगह शतीस देओरी मंदिर – Chittorgarh Me Dekhne Layak Jagah Sathis Deori Temple In Hindi

शतीस देओरी मंदिर भगवान आदिनाथ को समर्पित है, यह कुल 27 मंदिरों का एक समूह है, जो कि चित्तौड़गढ़ शहर में स्थित जैन तीर्थंकरों को समर्पित है। मंदिरों का निर्माण 11 वीं शताब्दी किया गया था। पर्यटक यह शांति के लिए और 11 वीं शताब्दी की सुंदर वास्तुकला की प्रशंसा करने के लिए मंदिर परिसर में आते हैं। ये प्राचीन मंदिर सभी पर सुंदर नक्काशी और शानदार मूर्तियां सुशोभित करते हैं, और साइट को यूनेस्को द्वारा विश्व विरासत स्थल घोषित किया गया है।

2.11 चित्तौड़गढ़ के पर्यटकों के लिए सांवरियाजी मंदिर – Chittorgarh Ke Paryatako Ke Liye Sanwariaji Temple In Hindi

चित्तौड़गढ़ के पर्यटकों के लिए सांवरियाजी मंदिर - Chittorgarh Ke Paryatako Ke Liye Sanwariaji Temple In Hindi

Image Credit: Vikas Kumar

सांवरियाजी मंदिर भगवान् कृष्ण को समर्पित एक प्रमुख मंदिर है जो राजस्थान के मंडफिया में स्थित है। मंडफिया, चित्तौड़गढ़ शहर से करीब 40 किलोमीटर दूर है। यह मंदिर चित्तौड़गढ़-उदयपुर राजमार्ग पर पड़ता है जिसकी वजह से इस जगह पर ज्यादा से ज्यादा पर्यटक और श्रद्धालु मंदिर में दर्शन के लिए आते हैं। यह मंदिर हिंदू धर्म के लिए भगवान कृष्ण को समर्पित धार्मिक रूप से महत्वपूर्ण मंदिरों की सूचि में दूसरे नंबर पर आता है।

2.12 चित्तौड़गढ़ का धार्मिक स्थल मीरा मंदिर – Chittorgarh Ka Dharmik Sthal Meera Temple In Hindi

चित्तौड़गढ़ का धार्मिक स्थल मीरा मंदिर - Chittorgarh Ka Dharmik Sthal Meera Temple In Hindi

Image Credit: Jishu Bhattacharjee

मीरा मंदिर चित्तौड़गढ़ किले के परिसर में स्थित मीरा बाई को समर्पित है जो कि एक राजपूत राजकुमारी थी। इस मंदिर का निर्माण राजपूत राजा महाराणा कुंभा ने अपने शासन काल के समय करवाया था, जिसकी वजह से यह एक ऐतिहासिक और धार्मिक आकर्षण था। जब भी कोई पूजा करने के लिए इस मंदिर में प्रवेश करता है तो यहाँ अदभुद शांति और खुशी का एहसास करता है। इस मंदिर में आकर पर्यटक ध्यान कर सकते हैं, अपने लक्ष्य के बारे में सोच सकते हैं। यहाँ आने वाले कई लोग अपने जीवन में एक नई दिशा पाते हैं।

2.13 चित्तौड़गढ़ के आकर्षण स्थान रतन सिंह पैलेस – Chittorgarh Ke Aakarsharn Sthan Ratan Singh Palace In Hindi

चित्तौड़गढ़ के आकर्षण स्थान रतन सिंह पैलेस - Chittorgarh Ke Aakarsharn Sthan Ratan Singh Palace In Hindi

Image Credit: Jay Suthar

रतन सिंह पैलेस या रतन सिंह महल चित्तौड़गढ़ किले के परिसर में स्थित एक बहुत ही आकर्षित और महत्वपूर्ण ऐतिहासिक महत्व वाला स्मारक है। रतन सिंह पैलेस चित्तौड़गढ़ किले का एक बहुत ही खूबसूरत आकर्षण है लेकिन यहाँ स्थित रत्नेश्वर झील इसकी खूबसूरती को दस गुना बढ़ा देती है। जो भी पर्यटक इस महल की सैर करने के लिए जाते हैं वो इसकी पारंपरिक राजस्थानी वास्तुकला, प्रवेश द्वार, विशाल दीवारें, भव्य प्रांगण, शाही कक्ष स्तंभित छत्रियाँ, मंडप और बालकनियों को देखकर हैरान रह जाते हैं क्योंकि इस मंदिर का ज्यादातर भाग अब खंडहर लेकिन इसकी खूबसूरती और आकर्षण अब भी बरकरार है।

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2.14 चित्तौड़गढ़ टूरिज्म में घूमने लायक जगह भैंसरगढ़ वन्यजीव अभयारण्य – Chittorgarh Tourism Me Ghumne Layak Jagha Bhainsrorgarh Wildlife Sanctuary In Hindi

चित्तौड़गढ़ टूरिज्म में घूमने लायक जगह भैंसरगढ़ वन्यजीव अभयारण्य - Chittorgarh Tourism Me Ghumne Layak Jagha Bhainsrorgarh Wildlife Sanctuary In Hindi

Image Credit: Pratap Singh

भैंसरोगढ़ वन्यजीव अभयारण्य चित्तौड़गढ़, राजस्थान में अरावली पहाड़ियों में स्थित है। यह अभ्यारण राजस्थान के सबसे महत्वपूर्ण अभ्यारणों में से एक है जिसको 1983 में घोषित किया गया था। यह अभ्यारण भैंसरोडगढ़ किले के एक प्राचीन किले के परिसर के अंदर बेमानी और चंबल नदियों के अभिसरण के पास स्थित है। यह अभ्यारण प्रकृति प्रेमियों और फोटोग्राफरों के आकर्षण का प्रमुख केंद्र है। इस नेशनल पार्क में कई तरह के पक्षी और जीवजंतु पाए जाते हैं। इस वन्यजीव अभ्यारण की सैर करने का सबसे अच्छा समय सुबह का है। अगर आप चित्तौड़गढ़ शहर घूमने के लिए आ रहे हैं तो इस अभ्यारण की सैर करना न भूलें।

2.15 चित्तौड़गढ़ में फेमस टूरिस्ट प्लेस बस्सी वन्यजीव अभयारण्य – Chittorgarh Mein Famous Tourist Place Bassi Wildlife Sanctuary In Hindi

चित्तौड़गढ़ में फेमस टूरिस्ट प्लेस बस्सी वन्यजीव अभयारण्य - Chittorgarh Mein Famous Tourist Place Bassi Wildlife Sanctuary In Hindi

Image Credit: Sanjay Chauhan

बस्सी वन्यजीव अभयारण्य चित्तौड़गढ़ में स्थित है और यह बस्सी फोर्ट पैलेस से करीब 5 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। यह अभ्यारण भी राजस्थान का एक प्रमुख वन्यजीव अभ्यारण है। बस्सी वन्यजीव अभयारण्य विंध्याचल पर्वत की पश्चिमी सीमा पर 150 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है, जिसमे कई जल प्रपात और झीलें स्थित हैं जो जो वनस्पति के लिए आवश्यक हैं। बस्सी वन्यजीव अभयारण्य कृति प्रेमियों और वन्यजीव उत्साही लोगों के लिए स्वर्ग के समान है।

2.16 चित्तौड़गढ़ जिले की ऐतिहासिक जगह पद्मिनी पैलेस – Chittorgarh Historical Place Padmini Palace In Hindi

चित्तौड़गढ़ जिले की ऐतिहासिक जगह पद्मिनी पैलेस - Chittorgarh Historical Place Padmini Palace In Hindi

पद्मिनी पैलेस चित्तौड़गढ़ का वो महल है जहाँ पर रानी पद्मिनी ने मेवाड़ साम्राज्य के शासक रावल रतन सिंह से शादी की थी, जिन्होंने 1302 और 1303 Ce के बीच राज किया था। यह राजसी महल चित्तौड़गढ़ पर दिल्ली के सुल्तान अलाउद्दीन खिलजी द्वारा हमला किये जाने के बाद नी पद्मिनी के आत्म-बलिदान से संबंधित एक ऐतिहासिक स्मारक है। पद्मिनी पैलेस चित्तौड़गढ़ एक प्रमुख पर्यटन स्थल है, अगर आप शहर की सैर करने के लिए आये हैं तो आपको पद्मिनी महल को एक्सप्लोर करने के लिए जरुर जाना चाहिए।

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3. चित्तौड़गढ़ शहर की यात्रा करने का सबसे अच्छा समय – Best Time To Visit Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर की यात्रा करने का सबसे अच्छा समय - Best Time To Visit Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ राजस्थान का एक प्रमुख पर्यटन शहर है अगर आप इस शहर की यात्रा करने के लिए जाना चाहते हैं तो बता दें कि यहां की यात्रा करने का सबसे अच्छा समय साल में अक्टूबर से लेकर मार्च के महीने तक का होता है। अगर आप किले की सैर करने जा रहे हैं तो शाम के समय जाएँ क्योंकि शाम के समय मौसम ठंडा होता है और भीड़ भी कम होती है।

4. चित्तौड़गढ़ शहर के मशहूर स्थानीय भोजन – Famous Restaurants And Local Food In Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर के मशहूर स्थानीय भोजन - Famous Restaurants And Local Food In Chittorgarh In Hindi

चित्तौड़गढ़ के भोजन के बहुत ही कम स्टैंडआउट हैं। लेकिन यहाँ आप स्थनीय सड़क के किनारे कई तरह के फास्ट फूड का स्वाद ले सकते हैं और इसके साथ-साथ रेस्तरां में भी जा सकते हैं। इसके साथ ही यहाँ पर आप मुगल व्यंजन, स्थानीय राजस्थानी भोजन के अलावा विशिष्ट शाकाहारी भारतीय भोजन का मजा भी ले सकते हैं।

और पढ़े: डेजर्ट नेशनल पार्क जैसलमेर राजस्थान की जानकारी 

5. चित्तौड़गढ़ तक कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh Fort In Hindi

चित्तौड़गढ़ उदयपुर शहर से करीब 112 किमी की दूरी पर, राजस्थान में गणभेरी नदी के पास एक ऊंचे ढलान पर स्थित है। इस शहर कि यात्रा करने का सबसे अच्छा विकल्प बस से या फिर उदयपुर शहर से टैक्सी किराये पर लेकर यात्रा करना है।

5.1 हवाई जहाज से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Air Plane In Hindi

हवाई जहाज से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे - How To Reach Chittorgarh By Air Plane In Hindi

चित्तौड़गढ़ शहर का सबसे पास का हवाई अड्डा उदयपुर में डबोक हवाई अड्डा है जो 70 किमी की दूरी पर स्थित है। हवाई अड्डे से आप चित्तौड़गढ़ जाने के लिए टैक्सी या कैब किराये पर ले सकते हैं शहर के सभी पर्यटन स्थलों की सैर कर सकते हैं। सड़क मार्ग से उदयपुर से चित्तौड़गढ़ जाने में आपको करीब डेढ़ घंटे का समय लगेगा।

5.2 सड़क मार्ग चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Road In Hindi

सड़क मार्ग चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे - How To Reach Chittorgarh By Road In Hindi

चित्तौड़गढ़ राजस्थान के प्रमुख शहरों जैसे उदयपुर, जयपुर, जोधपुर आदि और पड़ोसी राज्यों से सड़क मार्ग द्वारा अच्छी तरह जुड़ा हुआ है। सड़क मार्ग से चित्तौड़गढ़ की यात्रा करना एक बहुत ही अच्छा विकल्प है। दिल्ली से चित्तौड़गढ़ के बीच की दूरी 566 किमी है जिसको तय करने में 10 घंटे का समय लगता है। अहमदाबाद से चित्तौड़गढ़ पहुंचने के लिए आपको लगभग 7 घंटे की यात्रा करनी होगी।

5.3 ट्रेन से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे – How To Reach Chittorgarh By Train In Hindi

ट्रेन से चित्तौड़गढ़ कैसे पहुँचे - How To Reach Chittorgarh By Train In Hindi

चित्तौड़गढ़ जंक्शन चित्तौड़गढ़ को राज्य के और भारत के प्रमुख शहरों से जोड़ता है। यह रेलवे स्टेशन ब्रॉड गेज लाइन पर स्थित है और दक्षिणी राजस्थान के सबसे बड़े रेलवे जंक्शनों में से एक है।

और पढ़े: उदयपुर के प्रमुख पर्यटन स्थल

6. चित्तौड़गढ़ का नक्शा – Chittorgarh Map

7. चित्तौड़गढ़ की फोटो गैलरी – Chittorgarh Images

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?Форт Читторгарх ? Индия —————————— В южной части индийского штата Раджастан на высоком холме расположен самый крупный форт Индии — Читторгарх (Chittorgarh). Некогда грандиозный и величественный, он и сегодня, несмотря на все разрушения, представляет собой впечатляющую картину. У форта Читторгарх – великое и трагическое прошлое. Он был построен в 8 веке могущественным правителем династии Мевар. Множество раз на протяжении столетий форт подвергался осадам, и три из них — в 1303, 1535 и 1568 году были особенно драматичны. История осады 1303 года рассказывает о султане Ала уд-Дин Мухаммадшах ибн Шихаб уд-Дине, возжелавшем королеву Рани Падмини, супругу Равал Ратан Сингха, правившего тогда в форте. Тяжелейшая оборона крепости была прорвана, и чтобы не сдаваться врагу, все находившиеся внутри дамы во главе с королевой прыгнули в огромный костер, совершив джаухар, ритуальное самосожжение, а их мужья и братья пали в битве с врагом. В отместку разъяренный султан приказал убить 30 тысяч индусов. В 1535 году во время осады султана Бахадур-шаха 13 тысяч женщин и детей, находившихся в крепости, совершили самосожжение на костре, а 3200 воинов-мужчин вышли за ворота форта, чтобы сражаться и умереть в бою. Еще более драматичной стала осада 1567-1568 годов. Тогда многотысячный отряд империи Великих моголов во главе с падишахом Акбаром I несколько месяцев держал Читторгарх в плотном кольце окружения, непрерывно повергая его обстрелу. Когда оборонявшимся стало ясно, что проигрыша в этой битве не избежать, многие женщины совершили самосожжение, а мужчины открыли ворота и пали в битве. Считается, что тогда погибли около 30 тысяч защитников форта. После этого сражения форт был разграблен, а вскоре оставлен и пришел в запустение. Столь трагическая история форта Читторгарх сделал его в глазах жителей Индии воплощением героизма и мужества во имя свободы, и придала дополнительного очарования этому месту в глазах туристов. Сегодня форт является популярной достопримечательностью Индии. ————————————————— Понравилось?? Ставь ❤️❤️❤️

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A near perfect day *1 year on and I still haven't worked through all of the incredible places I had the opportunity of capturing during my time out in India. It really feels like only moments have passed since wondering down this river and stumbling upon another stunning moment- attempting to find a crossing place, I spotted this trees awesome reflection on the water- it was a hot day and a impromptu exploration without another person in site beside the few kids bathing by the river bank and a goat herder following me closely behind. Nature does wonders to my soul and I cant wait to chase rivers again. Xx* #travel #india #riverflow #travelphotography #indianphotography #india_everyday #nature #chittorgarhfort #cows #bulls #indiancow #indianbull

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